खबर को सुनें

गोपेश्वर (चमोली)। श्री बदरीनाथ धाम में बुधवार को जैठ पुजै अर्थात ज्येष्ठ माह की पूजा का आयोजन किया गया। इसमें श्री कुबेर की उत्सव डोली ने भक्तों की कुशल क्षेम जानने के लिए बामणी गांव पहुंचे।

बामणी गांव में मां नंदा माता मंदिर में पूजा-अर्चना पश्चात माता उर्वशी मंदिर में देवताओं के खजांची कुबेर को भोग लगाया गया। इसके बाद शायंकाल चार बजे श्री कुबेर जी माता उर्वशी मंदिर से वापस श्री बदरीनाथ मंदिर पहुंचे तथा पुनः मंदिर गर्भगृह में विराजमान हुए।

परंपरा अनुसार श्री कुबेर भगवान ज्येष्ठ माह में भक्तों से मिलने कुशल क्षेम जानने एवं आशीर्वाद देने के लिए बामणी गांव के उर्वशी मंदिर में आते हैं। इसी कड़ी में बुधवार को बामणी गांव से बड़ी संख्या में श्री कुबेर देवरा, ग्राम कल्याण समिति के पदाधिकारी, महिला मंगल दल तथा बामणी की भक्त मंडली कीर्तन भजन करते हुए श्री बदरीनाथ मंदिर पहुंचे जहां मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल तथा बदरीनाथ धाम प्रभारी अधिकारी विपिन तिवारी ने देव पश्वाओं, भक्त मंडली तथा कुबेर देवरा समिति को अंग वस्त्र भेंट कर स्वागत किया।

भगवान श्री बदरीनाथ जी के दिन के भोग के बाद रावल अमरनाथ नंबूदरी ने कुबेर जी की प्रतिमा को गर्भ गृह से कुबेर पश्वाओं को सौंपा भगवान बदरीविशाल की जय तथा जय श्री कुबेर भगवान के जय घोष के साथ श्री कुबेर जी देव डोली में विराजमान किया गया।

इस मौके पर उर्वसी मंदिर में आयोजित पूजा अर्चना में बीकेटीसी पूर्व उपाध्यक्ष किशोर पंवार, मंदिर अधिकारी राजेंद्र चौहान, रेडक्रास समिति कोषाध्यक्ष मोहन खत्री, कुबेर देवरा समिति अध्यक्ष उत्तम मेहता, जयदीप मेहता, विमलेश पंवार, रामनारायण भंडारी, देवपश्वा अखिल पंवार ,भगत मेहता, सत्यम राणा, वेंकटेश भंडारी, प्रशासक बबीता पंवार, मीडिया  प्रभारी डा. हरीश गौड़, नवीन भंडारी, सहायक मीडिया प्रभारी विकास सनवाल, राजदीप सनवाल आदि मौजूद रहे।

हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!