गोपेश्वर (चमोली)। चमोली जिले में संभावित हीटवेव और ग्रीष्मकालीन आपदाओं को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। जिलाधिकारी गौरव कुमार ने सभी संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करते हुए समन्वित प्रयासों पर जोर दिया है।
डीएम गौरव कुमार कहा कि बढ़ते तापमान, जल संकट, विद्युत आपूर्ति पर दबाव, वनाग्नि और आगजनी जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए सभी विभागों को अलर्ट मोड में रखा गया है। जनस्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभावों को ध्यान में रखते हुए विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता, स्वच्छ पेयजल की निर्बाध आपूर्ति, विद्युत व्यवस्था की सुचारुता, अग्निशमन संसाधनों की तत्परता, स्वच्छता और जल निकासी व्यवस्था को मजबूत रखने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा पशुधन की देखभाल और कार्यस्थलों पर श्रमिकों के लिए आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया है।
सार्वजनिक स्थानों पर पेयजल और छाया की व्यवस्था करने तथा जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। हीट वेव से बचाव के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार भी किया जा रहा है। इस कार्य के प्रभावी संचालन के लिए जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नन्द किशोर जोशी को नोडल अधिकारी नामित किया गया है।
जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की है कि तेज धूप में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त पानी पिएं, हल्के सूती वस्त्र पहनें और बच्चों, बुजुर्गों व बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखें। किसी भी आपात स्थिति में तुरंत प्रशासन को सूचित करने की सलाह दी गई है। डीएम ने आश्वस्त किया कि जिला प्रशासन हर परिस्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।

