गोपेश्वर (चमोली)। खेल मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि राज्य में खिलाड़ियों को खेल सुविधाएं देने के निमित्त हर ब्लाॅक में मिनी स्टेडियम बनाए जाने की कवायद शुरू कर दी गई है। कहा कि सरकार ने इस बार बजट में इस बात का प्रावधान भी किया है। खेल मंत्री ने बताया कि 38वें राष्ट्रीय खेलों के भव्य आयोजन के बाद प्रदेश की धामी सरकार जमीनी स्तर पर खेल सुविधाओं के और विस्तार में जुट गई है। इस क्रम में प्रदेश के हर ब्लाक में अब मिनी स्टेडियमों का निर्माण किया जाएगा। मौजूदा बजट में भी इसका प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2025 में उत्तराखंड ने न सिर्फ 38वें राष्ट्रीय खेलों की सफल मेजबानी की थी अपितु 103 पदक जीतकर इस स्तर के आयोजन में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी किया था। इस आयोजन ने उत्तराखंड को खेलभूमि के रूप में भी पहचान दी।
मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि इस आयोजन के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का आधारभूत खेल ढांचा विकसित किया गया। लेगेसी पॉलिसी बनाकर सरकार ने इस खेल ढांचे का इस्तेमाल एकेडमी के तौर पर करने का निर्णय लिया है। इससे खेल प्रतिभाओं को उचित प्रशिक्षण प्राप्त होगा। इस संबंध में शासन स्तर पर कार्रवाई चल रही है। उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में हर ब्लाक में मिनी स्टेडियम के निर्माण के लिए प्रावधान कर दिए जाने को भी अहम माना जा रहा है। बुधवार को प्रश्नकाल में जब खेल मंत्री रेखा आर्या पर्वतीय क्षेत्रों में खेल मैदान और मिनी स्टेडियम से संबंधित सवाल का जवाब दे रही थी। तब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सदन को यह अहम जानकारी दी। खेल मंत्री रेखा आर्या के अनुसार-पर्वतीय क्षेत्र में मिनी स्टेडियम के लिए 1.18 एकड़ भूमि की आवश्यकता होती है। इसके निर्माण के लिए एक करोड़ 70 लाख रूपये दिए जाने का प्रावधान है।

