कर्णप्रयाग (चमोली)। नगर पालिका परिषद कर्णप्रयाग की ओर से नगर क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए जारी की गई 35 निविदाएं आखिरकार चार माह बाद खोल दी गईं। अधिकारियों की मौजूदगी में पूरी पारदर्शिता के साथ टेंडर प्रक्रिया संपन्न की गई। इससे लंबे समय से रुके विकास कार्यों के फिर से शुरू होने की उम्मीद जग गई है।
नगर पालिका की ओर से पूर्व में दो बार पहले भी निविदाएं आमंत्रित की गई थी लेकिन लेकिन किसी भी ठेकेदार ने निविदा प्रपत्र नहीं खरीदे। जनवरी माह में पालिका बोर्ड की बैठक के बाद नगर क्षेत्र में विभिन्न विकास कार्यों के लिए लगभग 2.75 करोड़ रुपये की लागत से टेंडर जारी किए गए थे। इसके चलते नगर के विकास कार्य लंबे समय तक प्रभावित रहे।
बताया जा रहा है कि टेंडर प्रक्रिया में देरी की एक वजह पालिका के भीतर चल रही असंतुष्टि और विवाद भी रहे। तीसरी बार जब निविदाएं खोले जाने की तैयारी चल रही थी, तब नगर पालिका क्षेत्र के एक हिस्से में धरातल पर 60 प्रतिशत कार्य पहले ही किए जाने का मामला सामने आ गया। इस शिकायत के बाद जांच बैठाई गई और तत्काल प्रभाव से निविदाएं निरस्त कर दी गई थीं। जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद नगर पालिका बोर्ड की बैठक में 35 विकास कार्यों पर सहमति बनी। इससे बाद फिर से टेंडर आमंत्रित किए गए।
नगर पालिका अध्यक्ष गणेश शाह ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी ढंग से संपन्न कराया गया है। उन्होंने कहा कि निविदाएं खुलने के बाद अब नगर के विभिन्न विकास कार्यों को जल्द गति मिलेगी और जनता को इसका लाभ मिलेगा।
इस दौरान ट्रेजरी अधिकारी आरएस पाल, अधिशासी अधिकारी नरेंद्र सिंह रावत, सहायक अभियंता शुभम डोभाल, अवर अभियंता हरीश मैठाणी आदि मौजूद रहे।
