गोपेश्वर (चमोली)। थराली ब्लॉक के जूनियर हाईस्कूल जूनीधार गोठिंडा के शिक्षक निलंबन मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस मामले में अभिभावकों ने निलंबन को तत्काल वापस लेने की मांग उठाते हुए चेतावनी दी है कि यदि ऐसा नहीं किया गया तो अभिभावक आंदोलन छेड़ने को मजबूर होंगे।
बताते चलें कि पिछले दिनों शिक्षक की कार को छात्रों द्वारा धुलवाने वीडियो वायरल हो गया था। वीडियो के वायरल होते ही सरकार ने आनन फानन में शिक्षक को निलंबित कर जांच शुरू की थी। मामले की जांच खंड शिक्षा अधिकारी भूपेंद्र ढोडियाल ने प्रारंभ की और उन्हांंने इस मामले में कुछ तथ्य भी जुटाए। इस मामले में अब अभिभावक शिक्षक के समर्थन में कूद पड़े है। इसके तहत अभिभावक बीओ कार्यालय पहुंचे और उन्होंने शिक्षक पर वाहन धुलवाने के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। उनका कहना था कि खेल-खेल में छात्र ने कार पर पानी का पाइप डाल दिया। पानी डालने वाले छात्रों के परिजन, महावीर राम तथा दरवानी राम का कहना है कि उनके बच्चों ने खेल-खेल में यह काम किया। शिक्षक ने बच्चों से अपनी कार नहीं धुलवाई। इसलिए निलंबित शिक्षकों को तत्काल बहाल कर दिया जाना चाहिए। इस अवसर पर महावीर राम, दरवानी राम, नंदीदेवी, विमला देवी, निर्मला देवी, दुर्गा देवी, महेशी देवी, प्रताप राम, मीना देवी, पारेश्वरी देवी ने बीओ को ज्ञापन सौंपा। इस मामले में खंड शिक्षा अधिकारी ढोडियाल ने कहा कि शिक्षक के निलंबन की जांच की जा रही है। इस मामले में छात्रों और अभिभावकों से भी पूछताछ की जाएगी। निलंबन शिक्षक के क्रियाकलाप के बारें में ग्रामीणों से भी संवाद कर उनका पक्ष लिया जाएगा। इस प्रक्रिया के बाद ही जांच रिपोर्ट सीईओ को सौंपी जाएगी। इस तरह कहा जा सकता है कि अभिभावकों ने ही एक तरह से शिक्षक को दोषमुक्त करार दिया है।

